वैभव सूर्यवंशी इन दिनों टीम इंडिया के साथ एशियन गेम्स में खेलने के लिए जापान में हैं. वहीं हेड कोच गौतम गंभीर इधर भारत में वेस्टइंडीज से निपटने की चुनौती का प्लान बुन रहे हैं. ऐसे में सवाल उठता है कि वैभव सूर्यवंशी ने गौतम गंभीर की रात की नींद कैसे उड़ाई?
इसका जवाब जानने के लिए थोड़ा पीछे जाकर भारत के इंग्लैंड दौरे को याद करना होगा. उस दौरे पर टीम इंडिया के हेड कोच गौतम गंभीर ने एक फैसला लिया, जिसे उन्होंने अपने कोचिंग करियर का सबसे मुश्किल फैसला बताया. गंभीर के उस फैसले की जद में वैभव सूर्यवंशी थे, जिसके चलते वो रात भर सो नहीं पाए थे.
‘वैभव को खिलाने के फैसले ने रात भर सोने नहीं दिया’
वेस्टइंडीज के खिलाफ घरेलू सीरीज शुरू होने से पहले जियो हॉटस्टार से बातचीत में गौतम गंभीर ने अपने उस फैसला का सच कबूला. उन्होंने कहा कि इंग्लैंड में संजू सैमसन को हटाकर वैभव सूर्यवंशी को खिलाना, उनके कोचिंग करियर में अब तक का सबसे मुश्किल फैसला है. उन्होंने बताया कि उस फैसले के बाद वो पूरी रात सो नहीं सके थे.
इंग्लैंड दौरे पर सैमसन को बाहर कर वैभव को खिलाने का फैसला
इंग्लैंड दौरे पर खेले 5 T20 की सीरीज के पहले मैच में भारत हार गया था, जिसके बाद संजू सैमसन को टीम से बाहर कर वैभव सूर्यवंशी को डेब्यू कराया गया था. गंभीर ने बताया कि वो फैसला उन्होंने इसलिए लिया था क्योंकि वैभव शानदार फॉर्म में थे और भारत को सीरीज जीतनी थी. गंभीर ने बताया कि वो इसलिए मुश्किल फैसला था क्योंकि सैमसन T20 वर्ल्ड कप 2026 के प्लेयर ऑफ द टूर्नामेंट रहे थे. हेड कोच ने कबूला कि बाद में उन्होंने सैमसन से ईमानदारी से उस फैसले पर बात की थी.
गंभीर ने फैसले को लेकर सैमसन से बात की
जियो हॉटस्टार से बातचीत में गौतम गंभीर ने कहा कि बतौर कोच मेरे 2 साल के करियर की वो सबसे मुश्किल रात थी, जब मैं सो नहीं पाया था. मैंने इस बारे में सैमसन को बताया था. संजू ने फैसले को समझा और उसे अच्छे तरीके से लिया. गंभीर ने कहा कि वो बातचीत सिर्फ मेरे और संजू के बीच हुई थी.
अगली सीरीज में लौटे सैमसन और छा गए
टीम इंडिया अगली ही T20 सीरीज, जो कि अफगानिस्तान के खिलाफ खेली गई, उसमें संजू सैमसन की वापसी हुई और वैभव को ड्रॉप किया गया. अफगानिस्तान के खिलाफ वापसी करते हुए संजू ने 3 T20 मैचों की सीरीज में 2 अर्धशतक लगाए. भारत ने उस सीरीज में क्लीन स्वीप किया.