Suryakumar Yadav Vs Shreyas Iyer: क्या सूर्यकुमार यादव की कमी पूरी कर पाए श्रेयस अय्यर? आंकड़ों से समझें

स्पोर्ट्स डेस्क, नई दिल्ली। दोहरे बदनुमा दाग के साथ अपनी टी20 अंतरराष्ट्रीय कप्तानी की शुरुआत करने वाले श्रेयस अय्यर की गाड़ी पटरी पर लौटती हुई दिख रही है। टीम तो अब जीतने ही लगी है, साथ ही उनका बल्ला भी चल पड़ा है।

वर्ल्ड चैंपियन कप्तान सूर्यकुमार यादव की जगह कप्तान बनाए श्रेयस अय्यर का आगाज बेहद खराब रहा। आयरलैंड और इंग्लैंड के खिलाफ ना सिर्फ हार मिली, बल्कि उन्हें टी20 सीरीज में क्लीन स्वीप का भी सामना करना पड़ा।

दो गहरे जख्म मिलने के बाद चीफ सेलेक्टर अजीत अगरकर के फैसले पर सवाल उठने लगे और भारतीय क्रिकेट फैंस को सूर्यकुमार यादव की कप्तानी याद आने लगी थी। हालांकि, श्रेयस अय्यर ने अपने मजबूत इरादे से जल्दी तस्वीर बदल दी। जिम्बाब्वे दौरे पर श्रेयस अय्यर ने अपनी पहली टी20 सीरीज जीती। इसके बाद अफगानिस्तान को घर में हराया। फिर जापान के खिलाफ ऐतिहासिक मुकाबले जीत दर्ज की।

सूर्या और अय्यर में कौन बेहतर

फिर एशियन गेम्स 2026 के फाइनल में पाकिस्तान को मात देकर टीम इंडिया ने श्रेयस अय्यर की कप्तानी गोल्ड डिफेंड किया। मौजूदा समय में श्रेयस अय्यर ने अपनी कप्तानी में वेस्टइंडीज को पांच टी20 सीरीज के पहले मैच में 8 विकेट से मात दे दी है। साथ ही पिछले 10 टी20 मुकाबले में लगातार जीत दर्ज करने का नया सिलसिला छेड़ दिया है। वहीं, कप्तान अय्यर का भी बल्ला अब लगातार रन उगल रहा है।

वेस्टइंडीज के खिलाफ अय्यर ने 42 गेंद पर अपने टी20 अंतरराष्ट्रीय करियर की पहली सेंचुरी पूरी की। 17 पारियों के बाद अगर श्रेयस अय्यर और सूर्यकुमार यादव की कप्तानी पारी की तुलना करें तो मुंबई के ये दोनों ही बल्लेबाज कोई बहुत बड़ा अंतर नहीं है। श्रेयस और सूर्यकुमार दोनों एक दूसरे को कड़ी टक्कर देते हुए दिखाई दे रहे हैं।

क्या कहते हैं आंकड़े

17 पारियों के बाद कप्तान के रूप में सूर्यकुमार यादव ने 530 रन बनाए थे। इस दौरान सूर्या का औसत 31.1 का रहा और स्ट्राइक रेट 165.1 की रही। इस दौरान सूर्या के बल्ले से एक शतक और चार अर्धशतक निकले, जिसमें सर्वाधिक स्कोर 100 रन का रहा। वहीं, 17 पारियों के बाद श्रेयस अय्यर के बल्ले से 511 रन निकले हैं। औसत 39.3 और स्ट्राइक रेट 149.4 है। श्रेयस के बल्ले से इस दौरान 1 शतक और 2 अर्धशतक निकले हैं।

इस आंकड़े को देखते हुए यह कहना मुश्किल है कि कौन किस पर भारी है। हालांकि, यहां यह बताना जरूरी है कि सूर्यकुमार यादव को कप्तानी टीम में रहते हुए मिली थी। यानी कि वह टी20 टीम का हिस्सा थे और अपने पीक फॉर्म पर थे। ये बात और है कि कप्तान बनने के बाद सूर्यकुमार यादव की फॉर्म लगातार गिरती चली गई। हालांकि, उनकी कप्तानी में टीम जीतती रही।

श्रेयस ने IPL से किया खुद को साबित

वहीं, श्रेयस अय्यर लगभग ढाई साल तक भारतीय टी20 टीम का हिस्सा नहीं थे। उन्होंने दिसंबर 2023 में भारतीय टीम के लिए कोई टी20 मैच खेला था। उसके बाद से वह चोट से जूझ रहे थे। फिर 2024 में कोलकाता नाइट राइडर्स को अपनी कप्तानी में चैंपियन बनाया। फिर 2025 में पंजाब किंग्स को फाइनल में तक पहुंचाया। आईपीएल में पंजाब किंग्स टीम की कप्तानी की जिम्मेदारी संभाल अपने आप को साबित किया।

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