वैभव से क्रिकेट नहीं, जिंदगी की बातें करते हैं अय्यर
वेस्टइंडीज के खिलाफ टी20 सीरीज से पहले जियोस्टार से बातचीत में श्रेयस अय्यर ने बताया कि वह वैभव से अक्सर क्रिकेट से इतर विषयों पर बात करने की कोशिश करते हैं। उन्होंने कहा कि वैभव से हर कोई क्रिकेट के बारे में बात करता है, इसलिए वह उसके साथ परिवार, जीवनशैली और दूसरी सामान्य चीजों पर बातचीत करते हैं। अय्यर ने कहा कि वह वैभव के साथ मैदान के बाहर की चीजों पर बातचीत करते रहते हैं। उनके मुताबिक, ऐसा इसलिए है क्योंकि हर कोई युवा खिलाड़ी से क्रिकेट के बारे में ही बात करता है। अय्यर ने कहा कि वैभव एक प्रतिभाशाली और काबिल खिलाड़ी है, लेकिन जब उससे परिवार, जीवनशैली और रोजमर्रा की जिंदगी जैसी चीजों पर बात की जाती है तो वह ज्यादा सहज महसूस करता है।
‘सही समय पर मिलेगा मौका’
श्रेयस अय्यर ने यह भी स्पष्ट किया कि टीम में अनुभवी खिलाड़ियों की मौजूदगी के कारण वैभव की मौजूदा भूमिका को उनकी क्षमता पर अविश्वास के तौर पर नहीं देखा जाना चाहिए। भारतीय टीम में पहले से स्थापित सलामी बल्लेबाज मौजूद हैं, ऐसे में युवा खिलाड़ी को धीरे-धीरे अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट के माहौल में आगे बढ़ने का अवसर दिया जा रहा है। वैभव ने एशियन गेम्स के सेमीफाइनल और फाइनल में भारत के लिए ओपनिंग की थी। इन मुकाबलों में भारतीय टीम ने शानदार प्रदर्शन करते हुए स्वर्ण पदक अपने नाम किया। अब वैभव को वेस्टइंडीज के खिलाफ पांच मैचों की टी20 सीरीज के लिए भी टीम में शामिल किया गया है। अय्यर के बयान से साफ है कि टीम प्रबंधन वैभव की प्रतिभा को लेकर सकारात्मक है, लेकिन उसके विकास को ध्यान में रखते हुए उसे जिम्मेदारियां देने में जल्दबाजी नहीं करना चाहता। आने वाली सीरीज युवा बल्लेबाज के लिए अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में खुद को साबित करने का एक और अवसर होगी। एशियन गेम्स में स्वर्ण पदक जीतने के बाद भारतीय टीम की नजर अब वेस्टइंडीज के खिलाफ टी20 सीरीज पर है। टीम प्रबंधन के सामने सीरीज में निरंतरता बनाए रखने के साथ-साथ युवा खिलाड़ियों को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अनुभव देने की चुनौती भी होगी।