नई दिल्ली: वानखेड़े स्टेडियम में गुरुवार रात का मैच भारतीय क्रिकेट फैंस के लिए यादगार रहा. सूर्यकुमार यादव की टीम ने इंग्लैंड को रोमांचक मुकाबले में हराकर फाइनल का टिकट पक्का किया.
संजू सैमसन की विस्फोटक बल्लेबाजी ने मैच का रुख पलट दिया. लेकिन जीत के जश्न के बीच सैमसन का भावुक बयान सबको छू गया. उन्होंने खुलासा किया कि पिछले नौ महीने उनके लिए बेहद चुनौतीपूर्ण रहे, जहां वे ज्यादातर बेंच पर बैठे रहे. फिर भी उन्होंने हार नहीं मानी और कमबैक किया. यह पारी उनकी मेहनत और धैर्य की मिसाल है.
सैमसन की धमाकेदार पारी ने मैच पलटा
सैमसन ने ओपनिंग करते हुए इंग्लैंड के गेंदबाजों पर टूट पड़े. 42 गेंदों में 89 रन ठोके, जिसमें 8 चौके और 7 छक्के शामिल थे. एक कैच ड्रॉप होने के बाद उन्होंने और तेजी पकड़ी. उनकी पारी की बदौलत भारत ने 20 ओवर में 253/7 का मजबूत स्कोर खड़ा किया.इंग्लैंड ने जवाब में अच्छी शुरुआत की, लेकिन अंत में 7 रन से हार गई. सैमसन को उनकी शानदार बल्लेबाजी के लिए प्लेयर ऑफ द मैच चुना गया.
नौ महीने की मुश्किलों का खुलासा
प्रेस कॉन्फ्रेंस में सैमसन ने बताया कि पिछले नौ महीने उनके करियर के सबसे कठिन रहे. बैटिंग ऑर्डर में नीचे भेजे जाने से लेकर न्यूजीलैंड सीरीज में रन न बन पाने तक सब कुछ मुश्किल था. विश्व कप के शुरुआती मैचों में प्लेइंग इलेवन में जगह नहीं मिली.उन्होंने कहा, ‘मुझे लगता था कि मैं ज्यादा कोशिश कर रहा हूं, लेकिन बेसिक्स पर वापस लौटना जरूरी था.खेल की इज्जत करनी थी.’ यह समय उन्हें और मजबूत बनाकर लौटा.
फोन बंद, फोकस सिर्फ क्रिकेट पर
सैमसन ने मुश्किल वक्त में बाहरी शोर को बंद किया. फोन स्विच ऑफ कर दिया, सोशल मीडिया से दूर रहे.सिर्फ करीबी लोगों से बात की. इससे उन्हें सही दिशा मिली और फोकस बढ़ा. उन्होंने माना कि बहुत सारा अच्छा काम हुआ, जिसका फल अब मिल रहा है. ‘मैं हमेशा टीम में योगदान देना चाहता था, विश्व कप जीतना चाहता था,’ उन्होंने भावुक होकर कहा. उनकी यह मेहनत फाइनल में भी काम आएगी.
फाइनल में न्यूजीलैंड से कड़ी चुनौती
अब भारत का सामना न्यूजीलैंड से होगा. सूर्यकुमार यादव ने टीम की जीत पर भारी हुंकार भरी और फाइनल के लिए चेतावनी दी. सैमसन की फॉर्म टीम के लिए बड़ा प्लस है. पिछले कुछ मैचों में उन्होंने लगातार अच्छा प्रदर्शन किया है. फैंस को उम्मीद है कि यह फॉर्म जारी रहेगी और भारत खिताब की रक्षा करेगा. मैच रविवार को अहमदाबाद में खेला जाएगा.