रणजी ट्रॉफी 2025-26 सीजन में शानदार प्रदर्शन करने वाली जम्मू-कश्मीर अपने खूबसूरत अंजाम की ओर पहुंचती दिख रही है. कर्नाटक के खिलाफ फाइनल में अपने बल्लेबाजों के दम पर पहली पारी में बड़ा स्कोर खड़ा करने के बाद जम्मू-कश्मीर को उसके गेंदबाजों ने भी उतनी ही बेहतरीन शुरुआत दिलाई. खास तौर पर पूरे सीजन में सबसे बेहतरीन तेज गेंदबाज साबित हुए आकिब नबी ने फाइनल में भी अपना कहर बरपाते हुए कर्नाटक को शुरुआत में ही झटके दे दिए. कर्नाटक के स्टार ओपनर केएल राहुल, कप्तान देवदत्त पडिक्कल और दिग्गज बल्लेबाज करुण नायर पहली पारी में सस्ते में ही पवेलियन लौट गए.
कर्नाटक के हुबली में रणजी ट्रॉफी फाइनल के तीसरे दिन मेजबान टीम का टॉप ऑर्डर बुरी तरह बिखर गया. जम्मू-कश्मीर के पहली पारी में 584 रन का बड़ा स्कोर खड़ा करने के बाद बैटिंग के लिए उतरी कर्नाटक की टीम को भी अपने बल्लेबाजों से ऐसे ही जवाब की उम्मीद थी. मगर इंटरनेशनल क्रिकेट का अनुभव रखने वाले उसके बल्लेबाज इसमें नाकाम रहे और सिर्फ 57 रन तक उसके 4 विकेट गिर गए, जिसमें सेमीफाइनल के हीरो केएल राहुल और रविचंद्रन स्मरण जैसे स्टार भी शामिल थे.
नबी के आगे राहुल समेत दिग्गज ढेर
उम्मीदों के मुताबिक, फाइनल में भी तेज गेंदबाज आकिब नबी ही बल्लेबाजों के लिए आफत साबित हुए. फाइनल से पहले ही इस सीजन में 55 विकेट झटक चुके जम्मू-कश्मीर के इस पेसर ने कर्नाटक के टॉप ऑर्डर के लिए क्रीज पर टिकना मुश्किल कर दिया. इसकी शुरुआत उन्होंने टीम के सबसे बड़े बल्लेबाज और भारतीय क्रिकेट टीम के स्टार केएल राहुल का विकेट लेकर की, जो विकेटकीपर को कैच देकर चलते बने. कुछ देर बाद 17वें ओवर में नबी के साथी पेसर सुनील कुमार ने कर्नाटक के कप्तान देवदत्त पडिक्कल को आउट कर दिया.
पडिक्कल के आउट होते ही विकेट का एक पतझड़ आ गया और इसकी वजह बने आकिब नबी. दाएं हाथ के इस पेसर ने 18वें ओवर की आखिरी 2 गेंदों पर लगातार विकेट झटककर कर्नाटक की हालत पतली कर दी. सबसे पहले नबी ने एक खूबसूरत गेंद पर करुण नायर को क्लीन बोल्ड किया और फिर अगली गेंद पर नए बल्लेबाज स्मरण को खाता खोले बिना ही पवेलियन लौटा दिया. इस तरह सिर्फ 1 रन के अंतराल पर कर्नाटक ने 3 विकेट गंवा दिए और टीम बैकफुट पर चली गई.
J&K का पहली पारी में बड़ा स्कोर
इससे पहले तीसरे दिन की शुरुआत जम्मू-कश्मीर ने 527 रन के स्कोर से आगे की. टीम के 4 विकेट बाकी थे और उसकी नजरें 600 रन तक पहुंचने पर थीं. टीम इसके करीब तो पहुंची लेकिन इस आंकड़े को पार नहीं कर सकी. इसकी वजह बने तेज गेंदबाज प्रसिद्ध कृष्णा, जिन्होंने तीसरे दिन के पहले सेशन में ही 2 शिकार किए और इस पारी में अपने 5 विकेट पूरे किए. इस तरह जम्मू-कश्मीर की पहली पारी 584 रन पर जाकर खत्म हुई.