शेर-ए-पंजाब टी20 लीग 2026 का फाइनल तय हो गया है. खिताबी मुकाबले में अमृतसर सूरमा के सामने लुधियाना लायन्स की चुनौती होगी. पहले सेमीफाइनल में जहां कप्तान नमन धीर ने अपनी 91 रन की विस्फोटक पारी से टीम को फाइनल में पहुंचाया तो वहीं दूसरे सेमीफाइनल में लुधियाना ने जालंधर वॉरियर्स को 17 रन से शिकस्त दी.
लुधियाना के लिए भी उसके कप्तान सलिल अरोड़ा ने कमाल दिखाया, जिन्होंने 120 रन की धमाकेदार पारी खेली. वहीं उनकी टीम के गेंदबाज साहिल भास्कर ने 6 विकेट लेकर इस जीत में बड़ा योगदान दिया.
मोहाली में खेले गए इस दूसरे सेमीफाइनल में इन 2 खिलाड़ियों ने मिलकर ही लुधियाना की जीत की कहानी लिखी. पहला काम कप्तान सलिल अरोड़ा ने किया. आईपीएल में सनराइजर्स हैदराबाद के लिए कुछ मैच खेल चुके सलिल जब क्रीज पर थे, तब उनकी आंखों के सामने टीम ने 27 रन तक ही 3 विकेट गंवा दिए थे. मगर इसके बाद कप्तान ने ऐसा कहर बरपाया, जिसने उनकी टीम की तकदीर बदल दी.
टूर्नामेंट में पहले ही एक-दो मौकों पर अपनी आतिशी बैटिंग से समां बांध चुके सलिल ने एक बार फिर फैंस को एंटरटेन किया. इस विकेटकीपर-बल्लेबाज ने सिर्फ 56 गेंदों में 120 रन बनाए और नाबाद लौटे. अपनी इस हैरतअंगेज पारी के दौरान सलिल ने 10 छक्के और 7 चौके भी उड़ाए. वो आखिर तक टिके रहे, जिसकी बदौलत लुधियाना ने 5 विकेट खोकर 220 रन बनाए. उनके अलावा माधव सिंह पठानिया ने भी 22 गेंदों में 42 रन कूटे.
मगर जालंधर ने भी आक्रामक जवाब दिया और ये काम किया कप्तान प्रभसिमरन सिंह ने, जो पहले ही इस सीजन में गेंदबाजों की धज्जियां उड़ा चुके थे. जालंधर ने 101 रन तक सिर्फ 2 विकेट गंवाए थे और दोनों विकेट ओपनिंग जोड़ी के थे, जिन्हें राजवीर जसवाल ने आउट किया था. इसके बाद हरजस सिंह टंडन और अनमोल मल्होत्रा भी उसी तेजी के साथ स्कोर को आगे बढ़ा रहे थे और 15 ओवर में ही 154 रन बन चुके थे.
यहां से तो लग रहा था कि जालंधर मैच अपने नाम कर लेगी लेकिन 16वें ओवर में सब बदल गया. सिर्फ 21 साल के तेज गेंदबाज साहिल भास्कर ने इस ओवर में दोनों बल्लेबाजों समेत कुल 3 विकेट झटकते हुए बाजी पलट दी. फिर 18वें ओवर में भी इस गेंदबाज ने 2 विकेट लिए और आखिरी ओवर में एक और विकेट लेकर जालंधर को 203 रन पर रोक दिया. भास्कर ने 4 ओवर में सिर्फ 16 रन दिए और 6 विकेट लेकर टीम को फाइनल में पहुंचाया.