देश की राजधानी दिल्ली में चल रहे इंडियन ओपन 2026 बैडमिंटन टूर्नामेंट में गंदगी के मुद्दे के बाद अब एक और विवाद सामने आया है. गुरुवार (15 जनवरी) को पुरुष सिंगल्स प्री-क्वार्टर फाइनल मैच में भारत के HS प्रणय और सिंगापुर के लोह केन येव के बीच खेल को दो बार रोका गया और इसकी वजह थी कबूतर का कोर्ट पर बीट करना. मैच पहले गेम में 16-14 के स्कोर पर और फिर तीसरे गेम में इसी वजह से रोका गया. ये घटना तब हुई जब सिर्फ दो दिन पहले बैडमिंटन एसोसिएशन ऑफ इंडिया (BAI) ने दावा किया था कि कबूतर सिर्फ प्रैक्टिस कोर्ट पर हैं और प्लेइंग एरिया पूरी तरह साफ और पिजन-फ्री हैं.
बीट की वजह से रोका गया मैच
इंडियन ओपन दिल्ली के इंदिरा गांधी इनडोर स्टेडियम में खेला जा रहा है. सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो में दिखा कि कोर्ट पर बीट गिरने के बाद रेफरी ने खेल रोककर सफाई कराई. दिलचस्प बात ये है कि टूर्नामेंट की शुरुआत से ही वेन्यू पर सवाल खड़े हो रहे हैं. इससे पहले डेनमार्क की महिला खिलाड़ी मिया ब्लिचफेल्ट ने वेन्यू की गंदगी, पक्षियों के उड़ने और कोर्ट पर बीट गिरने की शिकायत की थी. उन्होंने कहा था कि फ्लोर गंदा है, पक्षी उड़ रहे हैं. साथ ही उन्होंने दिल्ली के पॉल्यूशन को लेकर भी कमेंट किया था. इसके बाद BAI के महासचिव संजय मिश्रा ने कहा था कि डेनमार्क की खिलाड़ी का बयान इनडोर स्टेडियम को लेकर नहीं बल्कि निजी स्वास्थ्य को लेकर था.
बंदर भी स्टैंड में दिखा था
दिल्ली के इंदिरा गांधी स्टेडियम में इंडिया ओपन बैडमिंटन के मैच के दौरान एक बंदर भी स्टैंड में दिखा था और अब कबूतर की बीट ने टूर्नामेंट के आयोजकों पर सवाल खड़े कर दिए हैं. इससे पहले डेनमार्क के खिलाड़ी एंडर्स एंटोन्सेन ने इस टूर्नामेंट से नाम वापस ले लिया. इसकी वजह उन्होंने दिल्ली के प्रदूषण को बताया. एंटोन्सेन पर पांच हजार डॉलर का जुर्माना लगाया गया. सवाल ये है कि इंदिरा गांधी स्टेडियम में जो विवाद खड़े हो रहे हैं, उसका जिम्मेदार कौन है और उनपर कार्रवाई कब होगी.