भारत के खिलाफ खेले गए दूसरे टी20 मुकाबले के दौरान वेस्टइंडीज के दो अनुभवी खिलाड़ियों कप्तान रोवमैन पॉवेल और शेरफेन रदरफोर्ड को अपनी हरकतों की भारी कीमत चुकानी पड़ी है। आईसीसी ने आचार संहिता का उल्लंघन करने के लिए दोनों को फटकार लगाई है।
क्या था पूरा मामला?
रांची में भारत और वेस्टइंडीज के बीच खेले गए मैच के दौरान वेस्टइंडीज के बल्लेबाज रोवमैन पॉवेल जब मयंक यादव की गेंद पर आउट हुए। आउट होने के बाद उन्होंने गुस्से में अपना बल्ला जोर से गेंद पर मारा। आईसीसी के नियमों के मुताबिक, यह आचार संहिता के अनुच्छेद 2.2 का उल्लंघन है, जो इंटरनेशनल मैच के दौरान खेल के सामान या मैदान के उपकरणों के गलत इस्तेमाल या दुरुपयोग से जुड़ा हुआ है।
दूसरी तरफ पारी के 13वें ओवर में शेरफेन रदरफोर्ड ने वाइड गेंद न दिए जाने पर मैदानी अंपायर पर अपना गुस्सा जाहिर किया और आक्रामक तरीके से नाराजगी दिखाई। आईसीसी ने इसे आचार संहिता के अनुच्छेद 2.8 का उल्लंघन माना है, जो इंटरनेशनल मैच के दौरान अंपायर के फैसले पर असंतोष जताने से जुड़ा है। इन्हीं कारणों की वजह से अब आईसीसी ने इन दोनों खिलाड़ियों पर कार्रवाई की है।
ICC ने दो खिलाड़ियों के लिए क्या सजा सुनाई
आईसीसी ने दोनों खिलाड़ियों को लेवल-1 के आचार संहिता उल्लंघन का दोषी मानते हुए आधिकारिक तौर पर फटकार लगाई है। इसके साथ ही दोनों के अनुशासन रिकॉर्ड में एक-एक डिमेरिट पॉइंट भी जोड़ दिया गया है। फ्यूचर में खिलाड़ियों को ऐसी हरकतों से बचने की सख्त हिदायत दी गई है ताकि खेल की भावना हमेशा बनी रहे।
खिलाड़ियों ने मान ली अपनी गलती
मैदान पर अनुशासनहीनता दिखाने के इन मामलों के बाद मैदानी अंपायरों जयरामन मदानगोपाल और रोहन पंडित, तीसरे अंपायर नितिन मेनन और चौथे अंपायर वीरेंद्र शर्मा ने दोनों खिलाड़ियों के खिलाफ आधिकारिक आरोप तय किए थे। अच्छी बात यह रही कि रोवमैन पॉवेल और शेरफेन रदरफोर्ड दोनों ने अपनी गलती को स्वीकार कर लिया और आईसीसी द्वारा सुनाई गई सजा को बिना किसी विरोध के मान लिया।