नई दिल्ली: पाकिस्तान क्रिकेट टीम के पूर्व कप्तान मोहम्मद यूसुफ ने टीम के स्टार बल्लेबाज बाबर आजम को अपनी बल्लेबाजी की तकनीकी कमियों को दूर करने के लिए ऑस्ट्रेलिया या दक्षिण अफ्रीका जाकर विशेषज्ञ कोचों के साथ काम करने की सलाह दी है।
यूसुफ का मानना है कि बिना तकनीकी सुधार के सीधे फर्स्ट क्लास क्रिकेट खेलने उतरने से बाबर के आत्मविश्वास को और अधिक नुकसान पहुंच सकता है। श्रीलंका के खिलाफ ट्राई सीरीज के फाइनल मैच में भी बाबर का फ्लॉप प्रदर्शन जारी रहा, जिसके बाद उनकी फॉर्म को लेकर चर्चा फिर से तेज हो गई है।
श्रीलंका के खिलाफ खेलनी टेस्ट सीरीज
बाबर आजम 3 नवंबर से लाहौर की तरफ से कायद-ए-आजम ट्रॉफी खेलने वाले हैं जिसके तुरंत बाद 9 नवंबर से श्रीलंका के खिलाफ दो टेस्ट मैचों की सीरीज शुरू होनी है। हालांकि मोहम्मद यूसुफ का मानना है कि घरेलू क्रिकेट में उतरने से पहले बाबर को अपनी बल्लेबाजी पर काम करना चाहिए। सोशल मीडिया पर एक पोस्ट के जरिए यूसुफ ने कहा, ‘उन्हें अभी सिर्फ अपनी बल्लेबाजी पर ध्यान केंद्रित करने के लिए दक्षिण अफ्रीका या ऑस्ट्रेलिया जाना चाहिए। इससे उन्हें वापसी करने में बड़ी मदद मिलेगी।’
नहीं खेलना चाहिए बाबर को फर्स्ट क्लास क्रिकेट
अपने बयान को और विस्तार से साझा करते हुए पूर्व दिग्गज बल्लेबाज ने लिखा, ‘मुझे नहीं लगता कि बाबर आजम को तब तक फर्स्ट क्लास क्रिकेट खेलना चाहिए जब तक कि वह विशेषज्ञ कोचिंग के जरिए अपनी तकनीकी समस्याओं को ठीक नहीं कर लेते। डोमेस्टिक क्रिकेट में संघर्ष करने से उनके आत्मविश्वास और करियर को और नुकसान पहुंच सकता है। उन्हें इंग्लैंड या ऑस्ट्रेलिया की किसी अकादमी में भेजा जाना चाहिए। वह अभी भी पाकिस्तान के टॉप खिलाड़ी हैं और सही मार्गदर्शन व थोड़े से प्रयास से अपनी सर्वश्रेष्ठ लय में लौट सकते हैं। मैंने यह बात चार साल पहले भी कही थी और तब किसी ने नहीं सुनी कृपया अब तो सुन लीजिए।’
बाबर आजम की फॉर्म रही चिंताजनक
हाल के सालों में बाबर आजम का फॉर्म काफी चिंताजनक रहा है। कभी दुनिया के टॉप बल्लेबाजों में गिने जाने वाले 32 साल के बाबर ने वनडे क्रिकेट में पिछले तीन सालों में केवल एक शतक लगाया है जबकि उनके नाम इस फॉर्मेट में 20 शतक दर्ज हैं। टी20 अंतरराष्ट्रीय टीम से बाहर किए जाने के बाद अब उनकी वनडे और टेस्ट टीम में जगह को लेकर भी सवाल खड़े हो रहे हैं। अगर बाबर को साल 2027 के वनडे विश्व कप की रेस में बने रहना है तो उनके लिए अपनी फॉर्म में तेजी से सुधार करना बेहद जरूरी हो गया है।