नई दिल्ली : 3 नवंबर 2026। भारत और श्रीलंका के बीच दिसंबर में होने वाली सीरीज के पहले मुकाबले को लेकर बड़ी खबर सामने आई है। दिल्ली एवं जिला क्रिकेट संघ (DDCA) ने भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (BCCI) से 13 दिसंबर को प्रस्तावित भारत-श्रीलंका वनडे मैच को राष्ट्रीय राजधानी से किसी दूसरे स्थान पर स्थानांतरित करने का अनुरोध किया है।
सूत्रों के मुताबिक, दिल्ली में बढ़ते वायु प्रदूषण और अरुण जेटली स्टेडियम में चल रहे नवीनीकरण कार्यों के कारण यह मांग की गई है। हालांकि बीसीसीआई की ओर से मैच का स्थान बदलने को लेकर अभी तक कोई अंतिम आधिकारिक घोषणा नहीं की गई है।भारत और श्रीलंका के बीच तीन मैचों की वनडे सीरीज का पहला मुकाबला 13 दिसंबर 2026 को दिल्ली के अरुण जेटली स्टेडियम में खेला जाना निर्धारित है। लेकिन मैच से करीब डेढ़ महीने पहले ही इसके आयोजन पर अनिश्चितता बढ़ गई है। रिपोर्ट के अनुसार, डीडीसीए ने बीसीसीआई को पत्र लिखकर निर्धारित तारीख पर मैच आयोजित करने में कठिनाई जताई है।इस अनुरोध के पीछे सबसे बड़ी वजह दिल्ली की खराब वायु गुणवत्ता बताई जा रही है। नवंबर और दिसंबर के दौरान राष्ट्रीय राजधानी में वायु प्रदूषण का स्तर अक्सर गंभीर स्थिति तक पहुंच जाता है। ऐसे में अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट मैच आयोजित करने के दौरान खिलाड़ियों, मैच अधिकारियों और दर्शकों के स्वास्थ्य को लेकर चिंताएं सामने आ सकती हैं।सूत्रों के अनुसार, डीडीसीए किसी भी ऐसी स्थिति से बचना चाहता है, जिसमें खराब वायु गुणवत्ता के कारण मुकाबले का आयोजन प्रभावित हो। इसके अलावा स्टेडियम में चल रहे नवीनीकरण कार्यों को भी आयोजन की तैयारियों से जुड़ी चुनौती बताया जा रहा है।
प्रदूषण को लेकर डीडीसीए की बढ़ी चिंता
दिल्ली में सर्दियों के दौरान प्रदूषण का स्तर लंबे समय से चिंता का विषय रहा है। इस मौसम में हवा की गति कम होने, तापमान गिरने और प्रदूषक तत्वों के वातावरण में जमा होने के कारण वायु गुणवत्ता प्रभावित होती है।ऐसे हालात में खिलाड़ियों को लंबे समय तक मैदान पर रहने में परेशानी हो सकती है। क्रिकेट के वनडे मुकाबले में खिलाड़ियों को कई घंटे खुले मैदान में बिताने पड़ते हैं। इसलिए मैच के आयोजन से पहले मौसम और वायु गुणवत्ता की परिस्थितियों का आकलन महत्वपूर्ण होता है।रिपोर्टों के अनुसार, डीडीसीए से जुड़े एक सूत्र ने संकेत दिया है कि स्टेडियम के नवीनीकरण से अधिक चिंता दिल्ली के एयर क्वालिटी इंडेक्स यानी AQI को लेकर है। संघ चाहता है कि मैच का आयोजन ऐसी जगह हो, जहां खराब हवा के कारण खिलाड़ियों और दर्शकों को कठिनाई न हो।दिल्ली के अरुण जेटली स्टेडियम में पहले भी प्रदूषण से संबंधित समस्याओं को लेकर चर्चा हो चुकी है। दिसंबर 2017 में भारत और श्रीलंका के बीच खेले गए टेस्ट मैच के दौरान श्रीलंकाई खिलाड़ियों ने खराब वायु गुणवत्ता को लेकर परेशानी जताई थी। उस मुकाबले में खिलाड़ियों के मास्क पहनकर मैदान पर उतरने की तस्वीरें भी चर्चा में रही थीं।इसी पृष्ठभूमि में दिसंबर में प्रस्तावित वनडे मुकाबले को लेकर चिंताओं को गंभीरता से देखा जा रहा है।
स्टेडियम में नवीनीकरण कार्य भी एक कारण
प्रदूषण के अतिरिक्त अरुण जेटली स्टेडियम में चल रहे नवीनीकरण कार्यों को लेकर भी सवाल उठ रहे हैं। रिपोर्टों के मुताबिक, स्टेडियम के ड्रेनेज सिस्टम सहित अन्य सुविधाओं में सुधार का काम किया जा रहा है।इससे पहले दिल्ली के कुछ घरेलू क्रिकेट मुकाबलों को भी दूसरे मैदानों में स्थानांतरित करने की व्यवस्था की गई थी। ऐसे में अंतरराष्ट्रीय मैच के आयोजन से पहले मैदान और अन्य सुविधाओं के पूरी तरह तैयार होने की आवश्यकता है।हालांकि डीडीसीए से जुड़े सूत्रों के मुताबिक, मैच स्थानांतरित करने की मांग में प्रदूषण संबंधी चिंता अधिक महत्वपूर्ण है। स्टेडियम का काम पूरा होने के बावजूद दिसंबर में खराब वायु गुणवत्ता आयोजन के लिए चुनौती बन सकती है।
अक्टूबर में BCCI ने खारिज की थीं अटकलें
भारत-श्रीलंका वनडे मैच के स्थान में बदलाव की चर्चा इससे पहले अक्टूबर में भी सामने आई थी। उस समय ऐसी खबरें आई थीं कि दिल्ली में प्रस्तावित मुकाबले को अहमदाबाद स्थानांतरित किया जा सकता है।लेकिन 12 अक्टूबर को बीसीसीआई सचिव देवजीत सैकिया ने इन खबरों का खंडन किया था। उन्होंने स्पष्ट किया था कि मैच को दिल्ली से अहमदाबाद स्थानांतरित किए जाने की खबरें सही नहीं हैं।अब डीडीसीए के कथित नए अनुरोध के बाद एक बार फिर मैच के आयोजन स्थल को लेकर चर्चा शुरू हो गई है। हालांकि अक्टूबर में बीसीसीआई का खंडन और नवंबर में डीडीसीए की ओर से सामने आया अनुरोध अलग-अलग घटनाक्रम हैं। इसलिए यह मान लेना सही नहीं होगा कि मैच का स्थान बदलने का फैसला हो चुका है।
कहां आयोजित हो सकता है मुकाबला?
यदि बीसीसीआई डीडीसीए के अनुरोध को स्वीकार करता है, तो उसे पहले वनडे के लिए तय करना होगा। हालांकि फिलहाल किसी वैकल्पिक मैदान की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।अहमदाबाद का नाम पहले की अटकलों में सामने आया था, लेकिन बीसीसीआई ने उस समय ऐसी खबरों को गलत बताया था। इसलिए किसी भी शहर को नया आयोजन स्थल मानना जल्दबाजी होगी।मैच को दूसरी जगह स्थानांतरित करने का फैसला होने पर स्टेडियम की उपलब्धता, सुरक्षा व्यवस्था, प्रसारण सुविधाओं और दर्शकों के लिए आवश्यक इंतजामों पर विचार करना होगा।इसके अतिरिक्त दोनों टीमों की यात्रा और अभ्यास कार्यक्रम पर भी असर पड़ सकता है। अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट सीरीज में मुकाबलों के आयोजन स्थल पहले से तय किए जाते हैं, ताकि खिलाड़ियों और मैच अधिकारियों की व्यवस्थाएं समय पर पूरी हो सकें।
दर्शकों और क्रिकेट प्रशंसकों की बढ़ी उत्सुकता
दिल्ली में भारत-श्रीलंका मैच देखने की तैयारी कर रहे क्रिकेट प्रशंसकों के लिए भी यह खबर महत्वपूर्ण है। अरुण जेटली स्टेडियम राजधानी का प्रमुख अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट मैदान है और यहां होने वाले भारतीय टीम के मुकाबलों को लेकर दर्शकों में उत्साह रहता है।यदि मैच दिल्ली से बाहर जाता है, तो स्थानीय प्रशंसकों को अपने शहर में अंतरराष्ट्रीय मुकाबला देखने का अवसर नहीं मिल पाएगा।हालांकि अभी तक मैच स्थानांतरित करने का कोई अंतिम फैसला नहीं हुआ है। ऐसे में दर्शकों को बीसीसीआई के आधिकारिक कार्यक्रम और भविष्य की घोषणाओं का इंतजार करना होगा।भारत और श्रीलंका के बीच होने वाली वनडे सीरीज दोनों टीमों के लिए महत्वपूर्ण है। आगामी अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं को ध्यान में रखते हुए दोनों टीमें अपनी तैयारियों को मजबूत करना चाहेंगी।
BCCI के फैसले पर टिकी निगाहें
डीडीसीए के अनुरोध के बाद अब सभी की नजरें बीसीसीआई के अगले कदम पर हैं। बोर्ड को यह तय करना होगा कि 13 दिसंबर का मुकाबला निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार दिल्ली में आयोजित किया जाए या किसी दूसरे मैदान में स्थानांतरित किया जाए।इस फैसले में खिलाड़ियों की सुरक्षा, वायु गुणवत्ता, स्टेडियम की तैयारियों और आयोजन संबंधी व्यवस्थाओं की भूमिका महत्वपूर्ण हो सकती है।फिलहाल स्थिति यही है कि डीडीसीए ने सूत्रों के अनुसार मैच स्थानांतरित करने का अनुरोध किया है, लेकिन बीसीसीआई ने वेन्यू बदलने की आधिकारिक घोषणा नहीं की है। जब तक बोर्ड की ओर से कोई नया कार्यक्रम जारी नहीं किया जाता, तब तक दिल्ली ही मुकाबले का निर्धारित आयोजन स्थल है।