न्यूजीलैंड के हरफनमौला ग्लेन फिलिप्स ने भारत को 226 रन के लक्ष्य का सफलतापूर्वक पीछा करने का श्रेय देते हुए कहा कि मैच पर पकड़ बनाये रखने के लिए उनकी टीम बीच के ओवरों में भारतीय बल्लेबाजों को दबाव में नहीं रख सकी।
उन्होंने इसके साथ कैच छूटने के मुद्दे पर अपनी टीम का बचाव भी किया। भारत ने क्राइस्टचर्च में टी20 इंटरनेशनल में अपना सबसे सफल रन चेज किया। इस जीत के साथ भारत ने पांच मैचों की सीरीज में 1-0 की बढ़त बना ली है। इस बड़े स्कोर वाले मुकाबले में भारत ने शानदार बल्लेबाजी करते हुए लक्ष्य हासिल कर लिया। फिलिप्स ने स्वीकार किया कि भारतीय टीम की आक्रामक बल्लेबाजी का मुकाबला करने के लिए न्यूजीलैंड ने रणनीति तैयार की थी, लेकिन मैदान पर उस पर प्रभावी ढंग से अमल करना सबसे अहम था।
मौकों को कैच छूटने के रूप में गिना जा रहा
फिलिप्स ने स्वीकार किया कि 226 रन जैसे बड़े लक्ष्य का पीछा करना अपने आप में बड़ी उपलब्धि है और भारत ने इसे शानदार तरीके से अंजाम दिया। फिलिप्स से भारतीय पारी के दौरान छूटे कैचों के असर को लेकर सवाल किया गया, तो उन्होंने कुछ मौकों को कैच छूटने की श्रेणी में गिनने के आकलन पर ही सवाल उठा दिए। फिलिप्स ने पूछा, ”कैच छूटते हैं। चार कैच? कौन-कौन से?”
उन्होंने स्पष्ट किया कि जिन मौकों को कैच छूटने के रूप में गिना जा रहा है, उनमें से कुछ पर क्षेत्ररक्षकों का गेंद से संपर्क तक नहीं हुआ था। उन्होंने कहा, ”हां, मिचेल की ओर से एक और फिन की ओर से एक मौका था। बाकी दो को वास्तव में कैच छूटने की श्रेणी में नहीं रखा जा सकता। कैच पकड़ने के लिए गेंद पर हाथ लगना भी जरूरी है।” फिलिप्स ने माना कि कैच छूटना खेल का हिस्सा है, लेकिन साथ ही जोर दिया कि ऐसे मौकों की गिनती सही तरीके से की जानी चाहिए। उन्होंने कहा, ”कैच पकड़े भी जाते हैं और छूटते भी हैं, लेकिन हमें उनकी सही गिनती करनी चाहिए।”
भारतीय बल्लेबाजों की सराहना की
फिलिप्स ने मैच के बाद संवाददाता सम्मेलन में कहा, ”हमने रणनीति तैयार करने में कोई कमी नहीं छोड़ी, लेकिन अंत में आपको मैदान पर उन योजनाओं को सही तरीके से लागू करना होता है।” न्यूजीलैंड की ओर से नाबाद 82 रन की सर्वाधिक पारी खेलने वाले फिलिप्स ने भारतीय बल्लेबाजों के सकारात्मक रवैये और परिस्थितियों के अनुरूप खुद को ढालने की क्षमता की भी सराहना की।
उन्होंने कहा, ”न्यूजीलैंड की पिचें भी शानदार हैं। यहां उछाल शायद भारत के मुकाबले थोड़ा अधिक था लेकिन उनके बल्लेबाजों ने आज इसके साथ बेहतरीन तालमेल बिठाया। फिलिप्स के मुताबिक बीच के ओवरों में कुछ और विकेट हासिल करके और रनों पर अंकुश लगाकर न्यूजीलैंड भारत पर दबाव बना सकता था।
उन्होंने कहा, ”अगर हम मध्य ओवरों में एक-दो अतिरिक्त विकेट ले लेते या लगातार कुछ और डॉट गेंदें डालने में सफल रहते, तो भारत पर दबाव बढ़ सकता था। ऐसी स्थिति में शायद वह लक्ष्य हासिल नहीं कर पाता और मुकाबले की तस्वीर भी कुछ अलग होती।”