रणजी ट्रॉफी के ग्रुप सी के मुकाबले में दिल्ली और सर्विसेज़ का मुकाबला ड्रॉ रहा. इस मैच में 6 फीट 4 इंच लंबे अग्रिवीर जवान जयंत गोयत ने अपनी धारदार गेंदबाजी से सभी का दिल जीता. जयंत गोयत ने दिल्ली के खिलाफ पहली पारी में 5 विकेट हासिल किए.
वहीं दूसरी पारी में उन्हें एक विकेट मिला. अपनी तेज रफ्तार और बेहतरीन बाउंस के दम पर जयंत गोयत ने दिल्ली के बेहतरीन बल्लेबाजों को पवेलियन की राह दिखाई. पहली पारी में गोयत यश ढुल, अनुज रावत का अहम विकेट ले गए. बता दें गोयत के पिता वजीर सिंह भी हरियाणा के लिए रणजी ट्रॉफी खेल चुके हैं, वो कपिल देव के साथ खेले थे.
अग्निवीर हैं जयंत गोयत
जयंत गोयत अग्निवीर स्कीम के तहत भारतीय वायुसेना में भर्ती हुए थे और अब वो सर्विसेज़ की टीम का प्रतिनिधित्व कर रहे हैं. दिल्ली के खिलाफ अपने फाइव विकेट हॉल के बारे में गोयत ने पीटीआई से खास बातचीत की. उन्होंने बताया कि उनके पिता वजीर सिंह ही उनके आइडल रहे हैं और उनका खेल देखने के बाद ही उनकी क्रिकेट में रूचि जागी. जयंत गोयत ने बताया कि आईपीएल टीम चेन्नई सुपरकिंग्स ने उन्हें ट्रायल में भी बुलाया था लेकिन रणजी ट्रॉफी मैच के चलते वो नहीं जा पाए.
जयंत गोयत ने क्या कहा?
जयंत गोयत ने दिल्ली के खिलाफ बेहतरीन प्रदर्शन करने के बाद कहा, ‘जब भी आप अच्छा प्रदर्शन करते हैं तो हमेशा बहुत अच्छा लगता है, रणजी ट्रॉफी एलीट ग्रुप में सभी टीमें बेहतर क्वालिटी की होती हैं और जब आप दिल्ली जैसी टीम के खिलाफ अच्छा करते हैं, जिनकी बैटिंग लाइन अप मजबूत है, तो और अच्छा लगता है.’
जयंत ने आगे कहा, ‘मुझे चेन्नई सुपर किंग्स ने ट्रायल्स के लिए बुलाया था, लेकिन मैं रणजी ट्रॉफी की वजह से नहीं जा सका. मुझे क्रिकेट के अलावा किसी और खेल में दिलचस्पी नहीं थी, क्योंकि मेरे पिता भी हरियाणा के लिए क्रिकेटर थे, इसलिए क्रिकेट शुरू करने में वे मेरी प्रेरणा हैं.’