नई दिल्ली: मुंबई के स्टार बल्लेबाज सरफराज खान का इंतजार आखिरकार खत्म हो गया है। चोटिल साई सुदर्शन की जगह उन्हें 15 अगस्त से गॉल में श्रीलंका के खिलाफ शुरू हो रही दो टेस्ट मैचों की सीरीज के लिए भारतीय टीम में शामिल किया गया है।
सरफराज ने भारत के लिए अपना आखिरी मुकाबला न्यूजीलैंड के खिलाफ खेला था, जहां बेंगलुरु टेस्ट में 150 रनों की शानदार पारी खेलने के बावजूद अगली 4 पारियों में फ्लॉप होने के कारण उन्हें टीम से बाहर कर दिया गया था।
ध्रुव जुरेल को मिल सकता है मौका
भले ही सरफराज की टीम में वापसी हो गई है, लेकिन पूर्व भारतीय स्पिनर रविचंद्रन अश्विन का मानना है कि पहले टेस्ट की प्लेइंग XI में ध्रुव जुरेल को सरफराज से ऊपर मौका मिलने की पूरी संभावना है। अश्विन के अनुसार, टीम प्रबंधन विदेशी परिस्थितियों में सरफराज की तकनीक को लेकर पूरी तरह आश्वस्त नहीं था, जिसके चलते उन्हें लंबे समय तक नजरअंदाज किया गया।
अश्विन का बड़ा बयान
अपने यूट्यूब चैनल पर बात करते हुए आर अश्विन ने कहा कि कप्तान शुभमन गिल और हेड कोच गौतम गंभीर को सरफराज के साथ पूरी क्लीयर बातचीत करनी चाहिए। अश्विन ने कहा कि अगर मैनेजमेंट को लगता है कि सरफराज खास परिस्थितियों में संघर्ष करते हैं, तो उन्हें यह बात साफ-साफ बता देनी चाहिए। उन्हें यह भरोसा दिलाना चाहिए कि वे उपमहाद्वीपीय पिचों पर टीम के लिए सबसे बड़े मैच-विनर बन सकते हैं, ताकि वे अपना समय बाकी चीजों में न गंवाकर स्पिन के खिलाफ अपना दबदबा बनाएं और इन पिचों के किंग बन सकें।
गॉल टेस्ट में सरफराज को खिलाना क्यों हो सकता है मास्टरस्ट्रोक?
गॉल की स्पिन-अनुकूल पिच पर सरफराज खान को नंबर-6 पर खिलाना भारत के लिए एक बेहतरीन विकल्प साबित हो सकता है। सरफराज कदमों का बेहतरीन इस्तेमाल करते हैं और स्पिनरों के खिलाफ आक्रामक रुख अपनाने के साथ-साथ स्वीप और रिवर्स-स्वीप जैसे दमदार शॉट्स खेलने में माहिर हैं। इसके अलावा, सरफराज को अपने पूरे करियर में मिडिल ऑर्डर में बल्लेबाजी करने का काफी अनुभव है। दूसरी तरफ, उनके प्रतिद्वंद्वी ध्रुव जुरेल हाल ही में वार्म-अप मैच में भी कुछ खास कमाल नहीं दिखा पाए थे।